Breast Cancer Symptoms, Causes, Treatment in Hindi
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स्तन कैंसर के लक्षण | Breast Cancer Symptoms, Causes, Treatment in Hindi

ब्रेस्ट कैंसर एक ऐसी बीमारी है जो बहुत ही तेज़ी से पैर पसार रही है, बदलते लाइफस्टाइल के कारण महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर की समस्या बढ़ती जा रही है. खानपान के जरिये शरीर में अनेक तरह के Chemicals जाते है जिससे ब्रेस्ट कैंसर का खतरा बढ़ जाता है.

स्तन कैंसर क्या है | What is Breast Cancer in Hindi

ब्रैस्ट कैंसर ब्रैस्ट की कोशिकाओं में शुरू होने वाला एक ट्यूमर (Tumor) है. जिसकी वजह से शरीर के बाकी हिस्से भी प्रभावित हो सकते है. लोग सोचते है की ब्रेस्ट कैंसर सिर्फ महिलाओं को होता है, ऐसा नहीं है पुरुषो में भी ये बीमारी होती है, लेकिन बहुत ही कम मामलो में पुरुषों को ये बीमारी होती है. अगर शुरुआत में ही Breast Cancer को पहचान लिया जाये तो इसका इलाज संभव है, लेकिन शर्मिंदगी के कारण महिलाएं इसका इलाज करवाने में देर कर देती है और तब तक ये बीमारी गंभीर रूप ले लेती है.

ब्रेस्ट कैंसर के लक्षण | Symptoms of Breast Cancer in Hindi

नीचे हमने आपको ब्रेस्ट कैंसर के लक्षणों के बारे में बताया है. स्तन कैंसर के के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए.

गाँठ का होना – स्तन कैंसर किसी भी उम्र की महिला को हो सकता है लेकिन 40 की उम्र पार कर जाने के बाद इसके होने की आशंका बढ़ जाती है. स्तन या बांह के नीचे गांठ का होना स्तन कैंसर का एक लक्षण हो सकता है. ज्यादातर ये गाँठ दर्द रहित होती है. इसीलिए आपको अपने स्तनों की की जांच हर महीने करनी चाहिए और अगर आपको कही पर भी गाँठ महसूस हो तो तुरंत डॉक्टर से मिलना चाहिए.

स्तन में सूजन – स्तन में सूजन आना भी स्तन कैंसर का लक्षण हो सकता है. अगर आपको अपने स्तन में सूजन महसूस हो तो आपको डॉक्टर से मिलना चाहिए.

स्तन का बड़ा होना – स्तन का असामान्य ढंग से बड़ा होना भी स्तन कैंसर का लक्षण हो सकता है.

निप्पल्स का मुड़ना – अगर आपको अपने निप्पल में बदलाव देखने को मिले जैसे निप्पल का मुड़ जाना तो डॉक्टर को जरूर दिखाए ये भी स्तन कैंसर का लक्षण हो सकता है.

निप्पल से खून आना – निप्पल से खून आना भी स्तन कैंसर का लक्षण हो सकता है.

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स्तन कैंसर के कारण | Causes of Breast Cancer in Hindi

जेनेटिक बदलाव – शरीर में जेनेटिक बदलावों के कारण ब्रेस्ट कैंसर की समस्या हो सकती है.

30 की उम्र के बाद गर्भवती होना – तीस की उम्र पार करने के बाद प्रेग्नेंट होने पर ब्रेस्ट कैंसर के होने की आशंका बढ़ जाती है.

धूम्रपान – धूम्रपान, तम्बाकू आदि के कारण भी ब्रेस्ट कैंसर हो सकता है.

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बर्थ कंट्रोल पिल – ज्यादा मात्रा में बर्थ कंट्रोल पिल का सेवन करने से भी ब्रेस्ट कैंसर होने का खतरा बढ़ जाता है.

वंशानुगत – वंशानुगत कारणो से भी ब्रेस्ट कैंसर होने का खतरा बढ़ जाता है जैसे आपके परिवार में पहली किसी को ये बिमारी रही हो तो किसी और को होने का खतरा भी है.

स्तन कैंसर का घरेलु उपचार | Home Remedies for Breast Cancer in Hindi

काली चाय – काली चाय पीने स्वस्थ्य की दृष्टि से लाभदायक है. इसका सेवन करने से न सिर्फ हड्डियां मजबूत होती है साथ ही ये हमारी पाचन शक्ति को दुरुस्त रखने में मदद करती है. इसके अल्वा इसमें मौजूद तत्व कोलेस्ट्रॉल कम करने तथा वजन घटाने में भी मददगार है. दिन में दो बार काली चाय पीने से ब्रेस्ट कैंसर का खतरा कम हो जाता है.

काली मिर्च – काली मिर्च की मदद से खासी, जुकाम तथा बंद नाक तो ठीक होती ही है. साथ ही ये स्तन कैंसर में भी लाभदायक है. काली मिर्च का सेवन करने से ब्रेस्ट कैंसर होने की आशंका कम हो जाती है.

व्हीट ग्रास – व्हीट ग्रास का सेवन करना बहुत ही लाभकारी है इसमें मौजूद बहुत से मिनरल शरीर से विषैले पदार्थो को बाहर निकालने में मदद करते है. और स्तन कैंसर के खतरे से भी बचाता है. साथ ही साथ इसका सेवन करने से शरीर में Blood Circulation सही होता है और Oxygen का प्रवाह भी सही बना रहता है.

ग्रीन टी – आप में से ज्यादातर लोगो को ये तो पता ही होगा कि ग्रीन टी यानी हरी चाय का सेवन करने से वजन कम करने में मदद मिलती है. साथ ही ये ब्रैस्ट कैंसर के लिए भी लाभकारी है. दिन में दो बार ग्रीन टी पीने से कैंसर के सेल्स बनने की सम्भावना कम हो जाती है.

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ब्रोकोली – ब्रोकोली का सेवन करने के अनेक स्वास्थ्य लाभ है इसके अलावा ये ब्रैस्ट कैंसर में भी लाभ पहुंचाने में मददगार है. इसमें मौजूद Indole-3-Carbinol ट्यूमर की ग्रोथ को रोकने में मदद करते है. नियमित रूप से डेढ़ कप ब्रोकली खाने से स्तन कैंसर से बचने में मदद मिलती है.

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अखरोट – अखरोट में मौजूद पोषक तत्व शरीर की इन्फ्लामेशन से लड़ने में मददगार है. तथा ब्रैस्ट कैंसर की ग्रोथ को रोकते है.

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स्तन कैंसर की जांच कैसे करें

  • हर महीने अपने ब्रेस्ट की जांच करे कही उसमे कोई गांठ तो नहीं है.
  • चालीस की उम्र पार करने के बाद Mammography करवानी चाहिए ताकि शुरुआत में ही इसका पता लग जाये.
  • अगर स्तनों में किसी भी तरह की कोई गांठ या कोई बदलाव दिखे तो चिकित्सक से जरूर सलाह ले.

स्तन कैंसर से बचाव कैसे करे

  • शराब, धूम्रपान तथा तमाकू का सेवन नहीं करना चाहिए. इनसे स्तन कैंसर का खतरा बढ़ता है.
  • फलों और सब्जियों का सेवन करें ताकि शरीर को जरूरी पोषण मिल सके.
  • चलने और दौड़ने को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाये.
  • अपने शरीर पर ज्यादा चर्बी जमा न होने दे अपने वजन को नियंत्रित रखें.
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